लोकेशन/ सोनभद्र उत्तर प्रदेश
रिपोर्ट/ कन्हैयालाल केशरी

जनपद सोनभद्र के नागरिकों ने एक ऐतिहासिक जनसमर्थन अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हुए “चोपन घाट की उपेक्षा और वहाँ संस्कार स्थल पर मूलभूत सुविधाओं की माँग” को लेकर हस्ताक्षर कर अपना समर्थन प्रकट किया। यह अभियान “सोन चेतना संगठन” के तत्वावधान में चलाया गया, जिसका उद्देश्य सामाजिक, धार्मिक एवं संवैधानिक अधिकारों की रक्षा करते हुए चोपन घाट की दशा सुधारना है।
इस अभियान के माध्यम से नागरिकों ने यह स्पष्ट किया कि अंतिम संस्कार जैसे गंभीर धार्मिक कर्तव्य को पूर्ण गरिमा के साथ संपन्न कराने के लिए समुचित व्यवस्थाओं का होना अत्यंत आवश्यक है। वर्तमान में चोपन घाट तक जाने वाली सड़कों की जर्जर स्थिति, पीने के पानी की अनुपलब्धता, शौचालय और महिला सुरक्षा की कमी जैसे अनेक समस्याएँ वर्षों से उपेक्षित रही हैं।
इस अभियान का नेतृत्व संगठन के सक्रिय सदस्यों – गोपाल सिंह, सिद्धांत पटेल, विकास पाठक, राहुल वर्मा, अंशु माथुर, अभी सिंह, राजू साहनी, साहिल राव एवं संगठन संयोजक अभिषेक अग्रहरी ने किया।
संगठन की प्रमुख माँगें हैं:
- चोपन घाट तक पक्की सड़क का निर्माण शीघ्र किया जाए।
- घाट पर पेयजल, शौचालय, स्नानागार, प्रतीक्षालय आदि मूलभूत सुविधाएँ स्थापित की जाएँ।
- महिलाओं की सुरक्षा हेतु सीसीटीवी, प्रकाश व्यवस्था और पुलिस सहायता उपलब्ध कराई जाए।
- चोपन घाट को ‘धार्मिक-सामाजिक महत्व का सार्वजनिक स्थल’ घोषित किया जाए।
- इसके स्थायी रख-रखाव के लिए नगर निकाय या पंचायत को उत्तरदायी बनाया जाए।
सोन चेतना संगठन ने यह स्पष्ट किया कि यह अभियान किसी एक धर्म या जाति की बात नहीं, बल्कि मानवीय गरिमा और संविधान प्रदत्त अधिकारों की रक्षा हेतु उठाया गया एक समवेत प्रयास है।


