खरसोद कला लोकेशन
निशान यात्रा ढोल-धमाकों और बैंड-बाजों की गूंज के साथ गांव के प्रमुख मार्गों से निकली, जहां जगह-जगह ग्रामीणों ने पुष्पवर्षा कर निशान का स्वागत किया।निशान यात्रा सत्यवीर तेजाजी मंदिर पहुंची, जहां विधिवत पूजा-अर्चना की गई और निशान चढ़ाए गए। इस दौरान श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी और मंदिर परिसर में भक्ति व श्रद्धा का अद्भुत वातावरण बना रहा।
आयोजन को व्यवस्थित और सफल बनाने के लिए भाटपचलाना पुलिस प्रशासन की टीम पूरी तरह मौजूद रही। वहीं, सत्यम चौधरी की टीम, S-S डिडोरिया जी, पुष्पराज, सपना दीदी और पूरा स्टाफ सक्रिय रूप से मौजूद रहकर सेवा और सहयोग में अग्रणी रहे।
गांव के बुजुर्गों ने इस परंपरा को समाज में एकता और भक्ति का प्रतीक बताया, वहीं युवा वर्ग ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया। इस अवसर पर ग्रामीणों ने तेजाजी महाराज से गांव की खुशहाली, सुख-समृद्धि और समाज की उन्नति की कामना की।
विशेष रूप से इस आयोजन में अलग-अलग मंडलों द्वारा कुछ अलग ही नजारे दिखाई दिए—कहीं मोटू-पतलू का आकर्षक रूप देखकर बच्चे रोमांचित हुए, कहीं हिंदू-मुस्लिम भाईचारे का अनूठा उदाहरण देखने को मिला, तो वहीं कुछ स्थानों पर अखाड़ों के शानदार प्रदर्शन ने लोगों का मन मोह लिया और वातावरण को और भी रोमांचक बना दिया।
✍️ खरसोद कला से संजय आचार्य की रिपोर्ट



