। उन्होंने मोक्षधाम निर्माण के लिये अपनी निजी जमीन दान में दी है। उन्होंने अपनी निजी भूमि खसरा नंबर 404/1 में से 20 फिट चौड़े एवं 30फिट लंबे भूखंड में मोक्षधाम बनाने की सहमति दान पत्र के माध्यम से दी है। उनकी इस पहल से ग्रामीण जनों की एक बड़ी जरूरत की पूर्ति हो गई है। ग्रामवासियों ने बताया कि किसी की मृत्यु होने पर नदी में उतरकर नदी के एक कोने में उसका अंतिम संस्कार करना पड़ता था, ऐसे में मोक्षधाम के लिये यह भूखंड मिलने से ग्रामवासियों की एक बहुत बड़ी समस्या का समाधान हो गया है। ग्रामीण जनों ने जमीन दानदाता की इस मानवीय पहल की तारीफ की है।


