लोकेशन खरसोद कला
संजय आचार्य
-संत के आगमन पर नगर में निकाला स्वागत जुलूस
जैन संत के खरसौदकलां पहुंचने पर घर-घर गवली के साथ की आगवानी
रास्ते भर गुरुवर के गुंजे जयकारे
खरसौदकलां । जैन संत प्रसन्न देव विजय जी का शुक्रवार को खरसौदकलां पहुंचने पर श्री जैन संघ के साथ ग्रामीणों ने अगवानी की। नगर में पहुंचने पर गुरुवर की घर-घर गवली के साथ जयकारे के साथ स्वागत किया। इस दौरान गुरुवर ने ग्रामीण जनों के बीच मांगलिक भवन में मांगलिक कार्यक्रम हुआ। संत के साथ नन्दी सेन महाराज के अलावा रानीवाड़ा राजस्थान एवं मुंबई से बड़ी तादात में जैन श्री संघ के धर्मालु लोग भी शामिल पहुंचे।
-गुरुवर ने चातुर्मास के दौरान खरसौदकलां में दादावाड़ी निर्माण का लिया था संकल्प-
संत खरसौदकलां में साल 2005 और 2021 में चातुर्मास के लिए विराजे थे। इसमें महत्वपूर्ण बात तो यह है कि खरसोदकला संत के गुरुवर लब्धिचंद्र सुरीश्वर की जन्मस्थली है। उनकी जन्मस्थली पर दादाबाड़ी निर्माण करने का संकल्प लिया था। दीपेश जैन ने बताया कि दादावाड़ी निर्माण 2 करोड़ की लागत से होना है। जिसका कार्य प्रगति पर होकर लोकार्पण कार्यक्रम आयोजित होने की रुपरेखा भी तैयार की जा रही है।
संत की मौजूदगी में खरसोदकलां जैन श्री संघ की नई समिति का गठन भी किया गया। जिसमें अध्यक्ष पद पर अशोक पगारिया का चयन किया गया



