अतुल मल्होत्रा ब्यूरो चीफ रिपोर्ट
क्षतिग्रस्त स्थलीय नेटवर्क ढांचे की शीघ्र मरम्मत को प्राथमिकता
28 अगस्त 2025
नई दिल्ली। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र के विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने आज बृहस्पतिवार को हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में संचार सेवाओं की बहाली को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की और त्वरित कदम उठाने के निर्देश दिए। बैठक में संचार मंत्रालय के सचिव नीरज मित्तल एवं बीएसएनएल और अन्य दूरसंचार सेवा प्रदाताओं के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान सिंधिया ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रभावित क्षेत्रों में संचार सेवाओं की बहाली में किसी भी प्रकार का विलंब न हो। सिंधिया ने कहा कि बाढ़ जैसी आपदाओं की स्थिति में दूरसंचार ढांचे को गंभीर क्षति पहुँचती है। कई बार फाइबर केवल बह जाने से प्राथमिक एवं बैकअप दोनों नेटवर्क प्रभावित हो जाते हैं, वहीं कुछ स्थानों पर मोबाइल टावरों को भी क्षति पहुँचती है लेकिन नागरिकों को अपने परिवारों एवं आवश्यक सेवाओं से जुड़े रहने के लिए संचार मंत्रालय हरसंभव कदम उठाएगा।
प्राथमिकता से हो क्षतिग्रस्त स्थलीय नेटवर्क ढांचे की मरम्मत
केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इंट्रा-सर्कल रोमिंग सुविधा का प्रभावी रूप से उपयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि उपभोक्ता अपने प्राथमिक नेटवर्क बाधित होने की स्थिति में अन्य ऑपरेटरों के नेटवर्क से जुड़ सकें। साथ ही, क्षतिग्रस्त स्थलीय नेटवर्क ढांचे की शीघ्र मरम्मत व पुनर्स्थापना को प्राथमिकता देने के लिए कहा।
सिंधिया ने यह भी जोर दिया कि आपदा प्रभावित क्षेत्रों में आपातकालीन दूरसंचार इकाइयों की तैनाती की जाए तथा दूरसंचार ढांचे की मजबूती पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र और राज्य सरकारों के समन्वित प्रयासों से प्रभावित क्षेत्रों में संचार कनेक्टिविटी शीघ्र ही सामान्य हो जाएगी।
My thoughts & prayers are with all those affected by the heavy rains and landslides in Jammu & Kashmir.
— Jyotiraditya M. Scindia (@JM_Scindia) August 27, 2025
To ensure people remain connected during this tough time, @DoT_India has activated Intra-Circle Roaming (ICR), allowing users to latch on to any available network. Please…



